मकर संक्रांति व लोहड़ी महोत्सव पर सामाजिक सेवा और सांस्कृतिक एकता का संदेश, मेयर अनीता अग्रवाल ने बांटे कंबल

(ब्योरो दिलशाद खान।KNEWS18)
रुड़की। मकर संक्रांति के पावन अवसर पर नगर में धार्मिक, सामाजिक और सांस्कृतिक गतिविधियों की धूम देखने को मिली। इस अवसर पर नगर निगम मेयर अनीता देवी अग्रवाल ने रामनगर स्थित प्राचीन राम मंदिर में आयोजित लोहड़ी महोत्सव में प्रतिभाग कर नगरवासियों के साथ पर्व की खुशियां साझा कीं। मेयर ने पवित्र अग्नि में तिल और गुड़ अर्पित कर क्षेत्रवासियों की सुख-समृद्धि, शांति और उत्तम स्वास्थ्य की कामना की। उन्होंने कहा कि मकर संक्रांति और लोहड़ी जैसे पर्व हमारी सांस्कृतिक विरासत के प्रतीक हैं, जो समाज में आपसी भाईचारे और सकारात्मक ऊर्जा का संचार करते हैं।
धार्मिक कार्यक्रम के पश्चात मेयर अनीता अग्रवाल ने सामाजिक सरोकार निभाते हुए कुष्ठ आश्रम पहुंचकर कुष्ठ रोगियों को कंबल वितरित किए। इस दौरान उन्होंने कहा कि समाज के अंतिम पंक्ति में खड़े लोगों की सेवा करना ही सच्ची मानवता है। ठंड के इस मौसम में जरूरतमंदों को कंबल वितरण से उन्हें राहत मिलेगी और यही पर्व मनाने का वास्तविक उद्देश्य भी है।
वहीं दूसरी ओर भटनागर इंस्टिट्यूट कॉलेज ऑफ नर्सिंग में लोहड़ी एवं मकर संक्रांति का पर्व अत्यंत उल्लास और उत्साह के साथ मनाया गया। कॉलेज परिसर में पारंपरिक सजावट की गई और छात्र-छात्राओं ने सांस्कृतिक कार्यक्रमों के माध्यम से समां बांध दिया। इस महोत्सव में कॉलेज की संरक्षक डॉ. संध्या भटनागर ने कहा कि भारतीय संस्कृति और सभ्यता हम सभी देशवासियों के लिए गर्व का विषय है। पर्व हमें अपनी जड़ों से जोड़ते हैं और नैतिक मूल्यों को मजबूत करते हैं।
कॉलेज के मार्गदर्शक डॉ. जगमोहन भटनागर ने कहा कि विभिन्न धर्मों और समुदायों के विद्यार्थियों द्वारा मिल-जुलकर पर्व मनाना भारत की गंगा-जमुनी तहजीब का प्रतीक है, जो सदियों से चली आ रही है। यह एकता और समरसता ही देश की सबसे बड़ी ताकत है।
भटनागर इंस्टिट्यूट के अध्यक्ष डॉ. सौरभ भटनागर ने जानकारी दी कि संस्थान में जीएनएम और बीएससी नर्सिंग जैसे पाठ्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि ग्रामीण युवाओं के लिए शुद्ध और सुरक्षित वातावरण में गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा शिक्षा प्राप्त करने का यह संस्थान एक बड़ा अवसर है। यहां से शिक्षा प्राप्त करने के बाद विद्यार्थियों को अच्छे अस्पतालों में रोजगार के अवसर मिलते हैं। उन्होंने कहा कि चिकित्सा शिक्षा के साथ-साथ विद्यार्थियों को अपनी संस्कृति और परंपराओं से परिचित कराना भी कॉलेज प्रशासन का प्रमुख उद्देश्य है।
कार्यक्रम के दौरान प्रार्थना और राष्ट्रगान के बाद लोहड़ी के अवसर पर ढोल की थाप पर लोक नृत्य प्रस्तुत किए गए, जिससे माहौल पूरी तरह उत्सवमय हो गया। आसपास के गांवों के गणमान्य नागरिकों ने भी कार्यक्रम में शिरकत की। लोहड़ी महोत्सव पर रेवड़ी, गजक और मूंगफली का वितरण किया गया। इस अवसर पर डॉ. अभिषेक भटनागर, डॉ. मनस्वी, डॉ. छवि, डॉ. दीपक, नर्सिंग अध्यापक डॉ. सैनी, शाहनूर, करम सिंह, सुमित सिरोही सहित अनेक छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।

