हरिद्वार में सनसनीखेज वारदात वैगनआर से कुचलकर हत्या, पार्किंग मैनेजर की दर्दनाक मौत

(ब्योरो – दिलशाद खान।KNEWS18)
कोतवाली नगर क्षेत्र में पार्किंग शुल्क को लेकर हुए विवाद में पार्किंग मैनेजर की दर्दनाक मौत के मामले में हरिद्वार पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए महज 24 घंटे के भीतर दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। घटना में प्रयुक्त वैगनआर कार को भी पुलिस ने अपने कब्जे में ले लिया है। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई की चारों ओर सराहना की जा रही है।जानकारी के अनुसार, दिनांक 10 जनवरी 2026 को प्रताप सिंह प्रताप पुत्र राजपाल सिंह, निवासी ग्राम भंगेड़ी महावतपुर रुड़की (वर्तमान निवासी पं. दीनदयाल उपाध्याय पार्किंग, रोड़ीबेलवाला, हरिद्वार) ने कोतवाली नगर हरिद्वार में तहरीर दी। तहरीर में बताया गया कि एक वैगनआर कार चालक पार्किंग शुल्क अदा किए बिना बैरियर तोड़कर भागने का प्रयास कर रहा था। इसी दौरान पार्किंग मैनेजर सहदेव कुमार ने वाहन को रोकने का प्रयास किया। आरोप है कि वाहन चालक ने जान से मारने की नीयत से सहदेव कुमार को कार से टक्कर मार दी और उन्हें रौंदते हुए मौके से फरार हो गया। गंभीर रूप से घायल सहदेव कुमार को तत्काल उपचार के लिए हायर सेंटर ले जाया गया, लेकिन रास्ते में ही उनकी मौत हो गई। इस घटना से इलाके में आक्रोश फैल गया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए कोतवाली नगर हरिद्वार में मुकदमा अपराध संख्या 21/2026 धारा 105 बीएनएस के तहत पंजीकृत किया गया। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक हरिद्वार के निर्देश पर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई शुरू की। दौराने चेकिंग अभियान के दौरान पुलिस टीम ने चमगादड़ टापू की आड़ से दोनों आरोपियों को वैगनआर कार सहित गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान विशाल पुत्र बिनोद, निवासी मोहल्ला-493 जोशी चौहान-86, बहालगढ़ थाना बहालगढ़ जिला सोनीपत (हरियाणा), उम्र 22 वर्ष तथा सूरज पुत्र चन्द्र सिंह, निवासी ग्राम भट्टा गांव पंचशील कॉलोनी थाना सेक्टर-27 जिला सोनीपत (हरियाणा), उम्र 34 वर्ष के रूप में हुई है।
विवेचना के दौरान मामले में धाराओं में भी संशोधन किया गया है। पहले दर्ज धारा 105 बीएनएस को हटाकर अब धारा 103(1) एवं 3(5) बीएनएस की बढ़ोतरी की गई है। पुलिस द्वारा आरोपियों को नियमानुसार माननीय न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया जा रहा है। इस पूरी कार्रवाई में प्रभारी निरीक्षक रितेश शाह के नेतृत्व में वरिष्ठ उप निरीक्षक नंद किशोर ग्वाड़ी, उप निरीक्षक चरण सिंह, अपर उप निरीक्षक संदीप वर्मा तथा कांस्टेबल राकेश, पवन और दिनेश शामिल रहे।
पार्किंग मैनेजर की मौत की इस घटना ने आमजन में गहरा दुख और आक्रोश पैदा किया है। वहीं, हरिद्वार पुलिस की तेज और प्रभावी कार्रवाई से यह स्पष्ट संदेश गया है कि कानून तोड़ने वालों के खिलाफ सख्ती से कार्रवाई की जाएगी और किसी भी कीमत पर दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।



