यूपीएससी रैंक 708 को लेकर सस्पेंस बरकरार, ‘फैरुज फातिमा’ नाम की दो युवतियों का दावा; एक की दावेदारी फर्जी होने की आशंका

(ब्योरो दिलशाद खान।KNEWS18)
कलियर। संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) की सिविल सेवा परीक्षा 2025 के परिणाम में 708वीं रैंक को लेकर असमंजस की स्थिति पैदा हो गई है। ‘फैरुज फातिमा’ नाम की दो अलग-अलग युवतियों द्वारा इस रैंक पर चयन का दावा किए जाने से लोगों में भ्रम की स्थिति बन गई है। एक युवती उत्तराखंड के पिरान कलियर क्षेत्र की रहने वाली बताई जा रही है, जबकि दूसरी केरल की निवासी है। दोनों ही स्थानों पर अपने-अपने तरीके से सफलता का जश्न मनाया जा रहा है, लेकिन अब यह मामला चर्चा और विवाद का विषय बन गया है।
दरअसल, यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा के परिणाम घोषित होने के बाद सोशल मीडिया और स्थानीय स्तर पर खबर फैली कि पिरान कलियर क्षेत्र की रहने वाली युवती ‘फैरुज फातिमा’ ने 708वीं रैंक हासिल की है। इस खबर के सामने आते ही क्षेत्र में खुशी का माहौल बन गया। स्थानीय लोगों, रिश्तेदारों और परिचितों ने युवती के घर पहुंचकर बधाई दी और मिठाइयां बांटी गईं। कई लोगों ने इसे क्षेत्र के लिए गौरव की बात बताते हुए युवती की सराहना भी की।
इसी बीच केरल की रहने वाली एक अन्य युवती, जिसका नाम भी ‘फैरुज फातिमा’ बताया जा रहा है, ने भी यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा में 708वीं रैंक हासिल करने का दावा किया। वहां भी इस उपलब्धि को लेकर खुशी का माहौल देखने को मिला और स्थानीय स्तर पर उसका सम्मान किया गया। दोनों जगहों पर एक ही नाम और एक ही रैंक सामने आने से लोगों में भ्रम की स्थिति पैदा हो गई।
इस मामले में कलियर निवासी युवती का कहना है कि यूपीएससी की सूची में जो नाम आया है, वह उसी का है। उनका कहना है कि आयोग द्वारा अभी तक विस्तृत मार्कशीट जारी नहीं की गई है और लगभग 15 से 20 दिनों के भीतर मार्कशीट अपलोड होने के बाद पूरी स्थिति स्पष्ट हो जाएगी। उन्होंने विश्वास जताया कि सच्चाई सामने आने पर उनका दावा सही साबित होगा।
वहीं दूसरी ओर केरल निवासी युवती ने भी मीडिया के सामने दावा किया है कि यूपीएससी की सूची में दिया गया नाम उसी का है और वही 708वीं रैंक की वास्तविक अभ्यर्थी है। इस दावे के बाद मामला और उलझ गया है। सोशल मीडिया पर भी इस मुद्दे को लेकर कई तरह की चर्चाएं और अटकलें लगाई जा रही हैं।
सूत्रों के अनुसार प्रारंभिक जानकारी में यह भी सामने आ रहा है कि पिरान कलियर निवासी युवती की दावेदारी सही नहीं हो सकती। हालांकि अभी तक इस संबंध में संघ लोक सेवा आयोग की ओर से कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। इसलिए अंतिम सत्य सामने आने के लिए आयोग द्वारा मार्कशीट जारी किए जाने का इंतजार किया जा रहा है।
फिलहाल दोनों स्थानों पर लोग अपने-अपने स्तर पर युवतियों की सफलता का जश्न मना रहे हैं, लेकिन जब तक यूपीएससी की आधिकारिक मार्कशीट सामने नहीं आती, तब तक यह स्पष्ट नहीं हो पाएगा कि 708वीं रैंक वास्तव में किस ‘फैरुज फातिमा’ को मिली है। आयोग द्वारा दस्तावेज जारी होने के बाद ही पूरे मामले पर से पर्दा उठ सकेगा।






