सफाई कर्मचारियों के नियमितीकरण का मुद्दा गैरसैंण तक पहुंचा, विधायक प्रदीप बत्रा ने मुख्यमंत्री धामी को सौंपा पत्र

(ब्योरो दिलशाद खान।KNEWS18)
रुड़की। नगर निगम रुड़की में कार्यरत सफाई कर्मचारियों के नियमितीकरण का मुद्दा अब राज्य स्तर तक पहुंच गया है। रुड़की के विधायक प्रदीप बत्रा ने इस संबंध में गैरसैंण में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को पत्र सौंपकर कर्मचारियों की समस्याओं के शीघ्र समाधान की मांग की है। विधायक ने अपने पत्र में नगर निगम में लंबे समय से कार्यरत सफाई कर्मचारियों की स्थिति और उनकी मांगों को प्रमुखता से उठाया है।
विधायक प्रदीप बत्रा ने बताया कि नगर निगम रुड़की में वर्ष 2003 से लेकर वर्तमान तक कई सफाई कर्मचारी स्वच्छता समिति, आउटसोर्स व्यवस्था और कूड़ा वाहन चालक के रूप में कार्य कर रहे हैं। इन कर्मचारियों को नियमित करने, संविदा पर रखने अथवा उन्हें 30 हजार रुपये प्रतिमाह वेतन देने से संबंधित प्रस्ताव 3 मार्च 2025 को नगर निगम की बोर्ड बैठक में पारित किया गया था। यह प्रस्ताव शासन को भेजा भी जा चुका है, लेकिन अब तक इस पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो सकी है।
उन्होंने कहा कि कर्मचारियों को नियमित करने की मांग लंबे समय से की जा रही है, लेकिन समाधान न निकलने के कारण कर्मचारियों में असंतोष बढ़ता जा रहा है। नगर आयुक्त द्वारा इन कर्मचारियों को तीसरी कंपनी के माध्यम से काम पर लगाने की प्रक्रिया शुरू की जा रही है, जिसका कर्मचारी विरोध कर रहे हैं। इसी कारण सफाई कर्मचारियों ने अनिश्चितकालीन हड़ताल और कार्य बहिष्कार शुरू कर दिया है।
सफाई कर्मचारियों की हड़ताल का असर अब शहर की सफाई व्यवस्था पर भी साफ दिखाई देने लगा है। शहर के कई इलाकों में कूड़े के ढेर लगने लगे हैं और नियमित सफाई न होने से लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि जल्द ही समस्या का समाधान नहीं हुआ तो स्थिति और अधिक गंभीर हो सकती है।
विधायक प्रदीप बत्रा ने मुख्यमंत्री को दिए गए पत्र में देवभूमि निकाय संयुक्त कर्मचारी महासंघ, उत्तराखंड (पंजीकरण संख्या 443) की मांगों का भी उल्लेख किया है। उन्होंने मुख्यमंत्री से अनुरोध किया कि कर्मचारियों की समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए जल्द से जल्द समाधान किया जाए और संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए जाएं।
विधायक ने कहा कि सफाई कर्मचारी नगर की स्वच्छता व्यवस्था की रीढ़ हैं और वर्षों से सेवा दे रहे कर्मचारियों के भविष्य को सुरक्षित करना सरकार की जिम्मेदारी है। यदि इन कर्मचारियों की मांगों को समय रहते पूरा किया जाता है तो इससे न केवल कर्मचारियों को राहत मिलेगी, बल्कि शहर की सफाई व्यवस्था भी सुचारु रूप से संचालित हो सकेगी।
इस मामले में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने भी सकारात्मक रुख दिखाया है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार कर्मचारियों की समस्याओं के समाधान के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। मुख्यमंत्री ने संबंधित विभाग को इस मामले का परीक्षण करने और आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश देने की बात कही है, ताकि सफाई कर्मचारियों और नगरवासियों दोनों को राहत मिल सके।अब नगर निगम रुड़की के सफाई कर्मचारियों और शहरवासियों की निगाहें सरकार के आगामी फैसले पर टिकी हुई हैं। यदि जल्द समाधान निकलता है तो इससे लंबे समय से चल रही इस समस्या का अंत हो सकता है और शहर की सफाई व्यवस्था फिर से पटरी पर आ सकती है।






