कैबिनेट मंत्री तक पहुंचा शक्ति विहार का मामला, राष्ट्रीय सचिव समीर आलम की पहल पर स्वतंत्रदेव सिंह ने लिया तत्काल संज्ञान
(ब्योरो दिलशाद खान।KNEWS18)
रुड़की।** पहली ही बारिश ने रुड़की के शक्ति विहार क्षेत्र की बदहाल जल निकासी व्यवस्था की पोल खोल दी है। कॉलोनी की सड़कें तालाब में तब्दील हैं, घरों में गंदा पानी घुस चुका है और सैकड़ों परिवार पिछले कई दिनों से नारकीय जीवन जीने को मजबूर हैं। जलभराव के कारण लोगों के सामने स्वास्थ्य, सुरक्षा और आजीविका का गंभीर संकट खड़ा हो गया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि वर्ष 2023 से लगातार हर बरसात में यही हालात बनते हैं, लेकिन आज तक समस्या का स्थायी समाधान नहीं किया गया। उनका आरोप है क्षेत्र में सांप और अन्य जहरीले जीवों के निकलने की घटनाएं भी लगातार बढ़ रही हैं। कवरेज के दौरान एक युवक द्वारा सांप पकड़ने का वीडियो भी सामने आया। स्थानीय लोगों का कहना है कि घरों में गंदगी फैल चुकी है, बच्चे स्कूल नहीं जा पा रहे हैं और मच्छरों के बढ़ते प्रकोप के कारण संक्रामक बीमारियों का खतरा बना हुआ है।
स्थानीय निवासी रवि टांक ने बताया कि वर्ष 2023 से हर बरसात में यही स्थिति बनती है। कई परिवारों को अपने घर छोड़कर किराये के मकानों या रिश्तेदारों के यहां रहना पड़ता है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि इस बार भी समस्या का समाधान नहीं हुआ तो क्षेत्रवासी जनप्रतिनिधियों का विरोध करेंगे और चुनाव में बहिष्कार करेंगे
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय सचिव समीर आलम शक्ति विहार कॉलोनी पहुंचे और जलभराव से प्रभावित स्थानीय लोगों से मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनीं। उन्होंने क्षेत्रवासियों को आश्वस्त किया कि समस्या के स्थायी समाधान के लिए संबंधित विभागों और शासन स्तर पर लगातार प्रयास किए जाएंगे तथा आवश्यकता पड़ने पर जनहित में आंदोलन भी किया जाएगा।
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय सचिव **समीर आलम** ने इस पूरे मामले के लिए नगर निगम और रेलवे प्रशासन को जिम्मेदार ठहराते हुए गंभीर आरोप लगाए हैं।
। उनका आरोप है कि जबरदस्ती पानी छोड़े जाने से न केवल कॉलोनी बल्कि आसपास की कृषि भूमि भी प्रभावित होगी और हरियाली को नुकसान पहुंचेगा। जलभराव के कारण हालात इतने खराब हो चुके हैं कि लोगों के पैरों में संक्रमण होने लगा है। सड़कें पूरी तरह पानी में डूबी होने से लोगों का घरों से निकलना मुश्किल हो गया है।
समीर आलम ने बताया कि रेलवे द्वारा बनाई गई पुलिया प्राकृतिक वर्षा जल निकासी के लिए थी, न कि पूरे शहर का सीवर और ड्रेनेज का पानी इस क्षेत्र में छोड़ने के लिए रेलवे ट्रैक के पास बने प्राकृतिक नाले से होते हुए नगर निगम रुड़की द्वारा विभिन्न क्षेत्रों का पानी शक्ति विहार में जबरदस्ती छोड़ा गया। उनका आरोप है कि इससे पूरी कॉलोनी में जलभराव की स्थिति पैदा हो गई है अगर पानी का फ्लो बढ़ा तो झील से पानी आगे जायेगा, जिससे किसानों की फसलें भी खराब होंगी ।

समीर आलम ने जब डीआरएम मुरादाबाद से फोन पर बातचीत की तो रेलवे और नगर निगम अधिकारियों में हलचल मच गई। इसके बाद तत्काल मोटर पंप लगाकर गंगनहर की ओर पानी की निकासी शुरू कराई गई।
उनका कहना है कि यदि यह कार्य पहले किया जाता तो क्षेत्रवासियों को इतनी परेशानी नहीं उठानी पड़ती। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द स्थायी समाधान नहीं किया गया तो क्षेत्रवासी आंदोलन करेंगे और आवश्यकता पड़ने पर न्यायालय की शरण भी लेंगे।
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय सचिव समीर आलम ने शक्ति विहार में जलभराव की गंभीर समस्या को अपनी राजनीतिक सक्रियता के माध्यम से उत्तर प्रदेश के कैबिनेट मंत्री स्वतंत्रदेव सिंह (जलशक्ति एवं सिंचाई विभाग) से वार्ता की। कैबिनेट मंत्री ने मामले को गंभीरता से लेते हुए व्हाट्सऐप के माध्यम से समीर आलम से ज्ञापन प्राप्त किया और इसके बाद उन्होंने उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग के संबंधित मुख्य अभियंता (चीफ) को मामले की रिपोर्ट तैयार कर शीघ्र प्रस्तुत करने और समस्या का समाधान करने का आश्वासन दिया है समीर आलम ने इसे क्षेत्रवासियों के हित में महत्वपूर्ण पहल बताया।
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय सचिव समीर आलम पिछले लंबे समय से पार्टी के प्रति निष्ठा, ईमानदारी और समर्पण के साथ कार्य कर रहे हैं। संगठन में उनकी सक्रिय भूमिका के साथ-साथ उत्तर प्रदेश सरकार के वरिष्ठ नेताओं और मंत्रियों से वो लगातार संपर्क में रहते है।

समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय सचिव समीर आलम द्वारा मामला कैबिनेट मंत्री स्वतंत्रदेव सिंह के संज्ञान में लाए जाने के बाद स्थानीय लोगों में इस गंभीर समस्या के समाधान की नई उम्मीद जगी है। क्षेत्रवासियों का कहना है कि यदि शासन स्तर पर शीघ्र कार्रवाई हुई तो वर्षों पुरानी जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान संभव हो सकेगा।

