हरिद्वार में अवैध प्लॉटिंग पर प्राधिकरण की बड़ी कार्रवाई, कई स्थानों पर ध्वस्तीकरण

(ब्योरो दिलशाद खान।KNEWS18)
हरिद्वार, 24 अप्रैल 2026।
जनपद हरिद्वार में अवैध प्लॉटिंग के खिलाफ प्राधिकरण ने सख्त रुख अपनाते हुए विभिन्न स्थानों पर बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया। प्राधिकरण टीम ने पुलिस बल की मौजूदगी में कई बीघा भूमि पर की जा रही अनधिकृत प्लॉटिंग को ध्वस्त कर दिया। यह कार्रवाई लगातार मिल रही शिकायतों और उच्चाधिकारियों के निर्देशों के बाद की गई।
जानकारी के अनुसार, गड़ोवाली क्षेत्र में रिंग रोड के सर्विस रोड पर श्री सन्नी पंजाबी द्वारा लगभग 4 बीघा भूमि पर अवैध प्लॉटिंग का निर्माण कार्य किया जा रहा था। इसी प्रकार हरिद्वार सराय में रिंग रोड रेलवे फाटक से पहले श्री रबीश अहमद द्वारा करीब 8 से 10 बीघा भूमि पर अनाधिकृत रूप से प्लॉटिंग की जा रही थी। वहीं रोहालकी क्षेत्र में भी रिंग रोड के सर्विस रोड पर श्री सौरभ त्यागी द्वारा लगभग 10 बीघा भूमि पर बिना अनुमति प्लॉटिंग का कार्य जारी था।
प्राधिकरण के अधिकारियों ने बताया कि इन सभी मामलों में पहले भी संबंधित व्यक्तियों को नोटिस जारी कर निर्माण कार्य रोकने के निर्देश दिए गए थे, लेकिन इसके बावजूद निर्माण कार्य जारी रखा गया। निर्देशों की अनदेखी और नियमों के उल्लंघन को गंभीरता से लेते हुए प्राधिकरण ने अधिनियम की सुसंगत धाराओं के अंतर्गत वाद योजित किए और मौके पर सख्त कार्रवाई की।
कार्रवाई के दौरान प्राधिकरण की टीम ने पुलिस बल की उपस्थिति में अवैध रूप से विकसित किए जा रहे प्लॉटों को ध्वस्त कर दिया। साथ ही मौके पर मौजूद निर्माणकर्ताओं को सख्त चेतावनी दी गई कि बिना मानचित्र स्वीकृत कराए किसी भी प्रकार का निर्माण कार्य न किया जाए, अन्यथा भविष्य में और भी कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया कि अवैध प्लॉटिंग न केवल नियमों का उल्लंघन है, बल्कि इससे भविष्य में खरीददारों को भी भारी नुकसान उठाना पड़ सकता है। बिना स्वीकृत नक्शे और कानूनी अनुमति के विकसित की गई कॉलोनियों में बुनियादी सुविधाओं का अभाव रहता है, जिससे आम जनता को परेशानी होती है।
प्राधिकरण की उपाध्यक्ष सोनिका मीणा ने आम लोगों से अपील की है कि वे किसी भी भूमि या प्लॉट को खरीदने से पहले उसकी वैधता की पूरी जांच कर लें और यह सुनिश्चित करें कि संबंधित परियोजना को प्राधिकरण से स्वीकृति प्राप्त हो। साथ ही यह भी कहा गया कि अवैध निर्माण और प्लॉटिंग के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में हड़कंप मच गया है और अन्य अवैध निर्माणकर्ताओं में भी डर का माहौल देखा जा रहा है। प्राधिकरण का यह कदम अवैध निर्माण पर लगाम लगाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।









