पिरान कलियर मेला क्षेत्र में दुकानों में लगी भीषण आग, फायर यूनिटों की तत्परता से बड़ा हादसा टला
(ब्योरो दिलशाद खान।KNEWS18)
पिरान कलियर। पिरान कलियर मेला क्षेत्र में मंगलवार रात दुकानों में अचानक आग लगने से हड़कंप मच गया। आग लगने की सूचना मिलते ही फायर स्टेशन रुड़की की टीम ने बिना समय गंवाए मोर्चा संभाला। मेला क्षेत्र में व्यवस्थापित तीन फायर यूनिटों को तत्काल आवश्यक अग्निशमन उपकरणों के साथ घटनास्थल के लिए रवाना किया गया। फायर कर्मियों की त्वरित कार्रवाई के चलते आग को समय रहते नियंत्रित कर लिया गया और इसे आसपास की दुकानों तक फैलने से रोक लिया गया।
जानकारी के अनुसार, 18 अगस्त 2026 की रात्रि फायर स्टेशन रुड़की को सूचना प्राप्त हुई कि पिरान कलियर मेला क्षेत्र में स्थित कुछ दुकानों में आग लग गई है। मेला क्षेत्र में दुकानों की संख्या अधिक होने और आसपास लोगों की मौजूदगी के कारण आग के फैलने की आशंका को देखते हुए फायर विभाग ने तत्काल कार्रवाई शुरू की। सूचना मिलते ही मेला क्षेत्र में पहले से व्यवस्थापित तीन फायर यूनिटों को घटनास्थल की ओर रवाना किया गया।
फायर कर्मियों ने मौके पर पहुंचते ही आग बुझाने का अभियान शुरू कर दिया। टीम ने पूरी सावधानी के साथ आग की लपटों पर पानी की बौछार की और आग को नियंत्रित करने का प्रयास किया। आग की स्थिति को देखते हुए अतिरिक्त सहायता के लिए मंगलौर से भी दमकल वाहन को घटनास्थल पर बुलाया गया। इसके बाद फायर यूनिटों ने संयुक्त रूप से आग पर काबू पाने की कार्रवाई की।
काफी मशक्कत के बाद फायर कर्मियों ने आग को पूरी तरह नियंत्रित कर लिया। दमकल कर्मियों की तत्परता के कारण आग को मेला क्षेत्र की अन्य दुकानों और आसपास के हिस्सों में फैलने से रोक लिया गया। आग पर नियंत्रण होने के बाद फायर कर्मियों ने घटनास्थल का निरीक्षण भी किया और यह सुनिश्चित किया कि कहीं कोई दोबारा आग पकड़ने की संभावना तो नहीं है।
घटना के दौरान किसी भी प्रकार की जनहानि नहीं हुई, जिससे प्रशासन और स्थानीय लोगों ने राहत की सांस ली। हालांकि आग लगने से दुकानों में कितना नुकसान हुआ है, इसका स्पष्ट आकलन जांच के बाद ही सामने आ सकेगा। घटना के कारण मेला क्षेत्र में कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल बना रहा, लेकिन फायर विभाग की त्वरित कार्रवाई से स्थिति को जल्द ही नियंत्रित कर लिया गया।
फायर विभाग के अनुसार, आग लगने के वास्तविक कारणों की जानकारी अभी स्पष्ट नहीं है। आग कैसे लगी और इससे दुकानों को कितना नुकसान हुआ, इसकी आवश्यक जांच की जा रही है। जांच पूरी होने के बाद ही आग लगने के कारणों और नुकसान की सही जानकारी सामने आएगी।
मेला क्षेत्र में बड़ी संख्या में दुकानें और लोगों की आवाजाही होने के कारण आग की घटनाएं गंभीर रूप ले सकती हैं। ऐसे में फायर यूनिटों की त्वरित उपलब्धता और मौके पर समय से पहुंचना बेहद महत्वपूर्ण रहा। फायर कर्मियों की तत्परता से न केवल आग पर काबू पाया गया, बल्कि संभावित बड़े हादसे को भी टाल दिया गया।
फायर स्टेशन रुड़की की टीम की इस त्वरित कार्रवाई से मेला क्षेत्र में मौजूद दुकानदारों और लोगों ने राहत की सांस ली। विभाग की ओर से आग लगने के कारणों की जांच के साथ ही घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की जानकारी जुटाई जा रही है।
