एचआरडी की ताबड़तोड़ कार्रवाई से मचा हड़कंप, कई अवैध कॉलोनियां ध्वस्त

(ब्योरो दिलशाद खान।KNEWS18)
रुड़की। हरिद्वार-रुड़की विकास प्राधिकरण (एचआरडी) द्वारा अवैध निर्माण और अनधिकृत प्लॉटिंग के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान ने एक बार फिर क्षेत्र में हड़कंप मचा दिया है। लंबे समय से मिल रही शिकायतों और लगातार मिल रही सूचनाओं के आधार पर प्राधिकरण ने विभिन्न स्थानों पर बड़े स्तर पर ध्वस्तीकरण की कार्रवाई को अंजाम दिया। इस दौरान कई बीघा भूमि पर विकसित की जा रही अवैध कॉलोनियों को जेसीबी मशीनों की मदद से पूरी तरह ध्वस्त कर दिया गया।
प्राधिकरण की टीम ने सबसे पहले सालियर माधोपुर रोड स्थित त्यागी डेरी के सामने लगभग 20 से 25 बीघा भूमि पर की जा रही अनधिकृत प्लॉटिंग को निशाना बनाया। यहां लंबे समय से बिना स्वीकृति के प्लॉट काटे जा रहे थे और निर्माण कार्य भी तेजी से चल रहा था। टीम ने मौके पर पहुंचकर अवैध निर्माणों को ध्वस्त कर दिया। इसके बाद उसी मार्ग पर जनता सीमेंट स्टोर के सामने करीब 20 से 25 बीघा क्षेत्र में विकसित की जा रही एक अन्य अवैध कॉलोनी पर भी कार्रवाई की गई और उसे भी पूरी तरह जमींदोज कर दिया गया।
इसके अलावा ढंडेरा क्षेत्र में पानी की टंकी के पास श्री जितेन्द्र राणा व अन्य द्वारा लगभग 5 से 6 बीघा भूमि पर की जा रही अवैध प्लॉटिंग को भी प्राधिकरण ने निशाने पर लिया। यहां भी बिना मानचित्र स्वीकृति के निर्माण कार्य किया जा रहा था। टीम ने मौके पर पहुंचकर जेसीबी की मदद से निर्माण को ध्वस्त किया और संबंधित लोगों को कड़ी चेतावनी दी।
इसी क्रम में ढंडेरी ख्वाजगीपुर गांव में नवनिर्मित शिव मंदिर के पीछे लगभग 4 से 5 बीघा भूमि पर विकसित की जा रही अवैध प्लॉटिंग के खिलाफ भी कार्रवाई की गई। प्राधिकरण के अधिकारियों ने बताया कि इन सभी स्थानों पर पूर्व में कई बार नोटिस जारी कर निर्माण कार्य रोकने के निर्देश दिए गए थे, लेकिन संबंधित कॉलोनाइजरों द्वारा निर्देशों की अनदेखी की गई। इसके चलते प्राधिकरण को मजबूरन सख्त कार्रवाई करनी पड़ी।
कार्रवाई के दौरान पुलिस बल की मौजूदगी भी सुनिश्चित की गई, जिससे किसी भी प्रकार की अव्यवस्था या विरोध की स्थिति उत्पन्न नहीं हुई। मौके पर मौजूद अधिकारियों ने स्पष्ट रूप से कहा कि बिना मानचित्र स्वीकृति के किसी भी प्रकार का निर्माण कार्य करना कानूनन अपराध है और भविष्य में भी इस तरह के मामलों में सख्ती बरती जाएगी।
एचआरडी की उपाध्यक्ष सोनिका के निर्देश पर चलाए जा रहे इस अभियान को लेकर उन्होंने सख्त रुख अपनाते हुए कहा कि अवैध निर्माण और प्लॉटिंग किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने आम जनता और कॉलोनाइजरों से अपील की कि किसी भी प्रकार का निर्माण कार्य शुरू करने से पहले प्राधिकरण से मानचित्र स्वीकृति अवश्य प्राप्त करें, अन्यथा उनके खिलाफ भी इसी प्रकार की कार्रवाई की जाएगी।
इस व्यापक कार्रवाई के बाद क्षेत्र के अन्य अवैध कॉलोनाइजरों में डर का माहौल देखा जा रहा है। प्राधिकरण की टीम ने संकेत दिए हैं कि यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा और जहां-जहां भी अवैध निर्माण या प्लॉटिंग की जानकारी मिलेगी, वहां सख्त कार्रवाई की






