अंकिता भंडारी के दोषियों को सजा मिलने तक जारी रहेगा संघर्ष: हर्ष प्रकाश काला
(ब्योरो दिलशाद खान।KNEWS 18)
रुड़की, 19 सितंबर 2026। उत्तराखंड की बेटी अंकिता भंडारी की चौथी पुण्यतिथि पर शनिवार को अशोक नगर क्षेत्रीय विकास समिति एवं उत्तराखंड राज्य आंदोलनकारी संघर्ष समिति के संयुक्त तत्वावधान में मौन जुलूस निकाला गया। जुलूस शिव चौक बुचड़ी फाटक से शुरू होकर प्राचीन शिव मंदिर ढंडेरा और शिवालिक पब्लिक स्कूल होते हुए वापस शिव चौक पहुंचा। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने अंकिता भंडारी हत्याकांड के मामले में कथित वीआईपी का नाम सार्वजनिक करने तथा दोषियों को कठोर सजा दिलाने की मांग उठाई।
समिति के केंद्रीय अध्यक्ष हर्ष प्रकाश काला ने कहा कि अंकिता भंडारी को न्याय मिलने तक संघर्ष जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि यह मामला केवल एक बेटी के साथ हुए अपराध का नहीं, बल्कि उत्तराखंड की बेटियों की सुरक्षा और सम्मान से जुड़ा विषय है। उन्होंने लोगों से न्याय की मांग को लेकर एकजुट होने का आह्वान किया।
समिति के वरिष्ठ उपाध्यक्ष कैप्टन जीवांनद बुडाकोटी ने कहा कि उत्तराखंड जैसे देवभूमि और सैन्य भूमि में इस तरह की घटना होना गंभीर चिंता का विषय है। उन्होंने कहा कि राजनीतिक मतभेदों से ऊपर उठकर सभी को पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने की मांग करनी चाहिए।
राज्य आंदोलनकारी राजेंद्र सिंह रावत ने कहा कि अंकिता भंडारी को न्याय दिलाने के लिए आंदोलन को और तेज करने की जरूरत है। वहीं शिवाजी कॉलोनी एवं कुमाऊंनी समिति के पूर्व अध्यक्ष देव सिंह सावंत ने कहा कि चार वर्ष बाद भी मामले को लेकर लोगों में आक्रोश है और सरकार को दोषियों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करनी चाहिए।
इस दौरान सुशील रावत, अनिल उप्रेती, शकुंतला सती, उदय सिंह पुंडीर, रीतू कंडियाल जुयाल और सुरेश कुकरेती सहित अन्य वक्ताओं ने भी अपने विचार रखे। वक्ताओं ने महिला सुरक्षा से जुड़े सवाल उठाते हुए कहा कि बेटियों की सुरक्षा और उन्हें न्याय दिलाने के लिए समाज को एकजुट होकर आवाज उठानी चाहिए।
प्रदर्शनकारियों ने जांच को लेकर भी सवाल उठाए और मामले में जल्द न्याय की मांग की। इस अवसर पर सीबीआई के केंद्रीय निदेशक तथा उत्तराखंड प्रभारी, देहरादून के नाम ज्ञापन भेजकर मामले में शीघ्र कार्रवाई की मांग की गई।
मौन जुलूस के दौरान बड़ी संख्या में स्थानीय लोग शामिल हुए। इनमें महामंत्री शिव चरण बिंजौला, दिनेश नेगी, सभासद वार्ड-11 ढंडेरा, सरोज बड़थ्वाल, रामेश्वरी खंतवाल, विद्या नेगी, ज्योति प्रसाद कोटनाला, सुरेंद्र सिंह बिष्ट, एचडी देवरानी, पितांबर देवरानी, हुकुम सिंह बिष्ट, जगदीश खड़ायत, सुरेश बिष्ट, जस राम ढौंडियाल, विजय सिंह रावत, कुलदीप नेगी, वीरेंद्र बिष्ट, ललित पंत, चेता रावत, मालती नेगी, मुकेश चमोली, हयात सिंह रौथाण, महादेव पांडेय, सूरज राणा, बीएस बिष्ट, एचएस बिष्ट, शुभम, रामेश्वर चंदोला, केआर बंगवाल और भारत सिंह चौहान सहित सैकड़ों लोग मौजूद रहे।
जुलूस के समापन पर शिव चौक में मोमबत्ती जलाकर दो मिनट का मौन रखा गया और अंकिता भंडारी की आत्मा की शांति के लिए श्रद्धांजलि अर्पित की गई। प्रदर्शनकारियों ने न्याय मिलने तक अपनी आवाज बुलंद रखने का संकल्प लिया।



